नई दिल्ली: बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) सुप्रीमो और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती vs उदित राज विवाद एक नए मोड़ पर पहुंच गया है। कांग्रेस नेता उदित राज ने मायावती के भतीजे आकाश आनंद को कांग्रेस में शामिल होने का न्यौता दिया, जिस पर मायावती ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने उदित राज के बयान की कड़ी निंदा की और बसपा कार्यकर्ताओं को सतर्क रहने की सलाह दी।

उदित राज ने आकाश आनंद को कांग्रेस में बुलाया
कांग्रेस नेता उदित राज ने हाल ही में मीडिया से बातचीत के दौरान आकाश आनंद को कांग्रेस में शामिल होने का प्रस्ताव दिया। उन्होंने बीएसपी कार्यकर्ताओं से भी अपील की कि वे कांग्रेस में आकर संविधान और आरक्षण की लड़ाई लड़ें।
इस बयान के बाद मायावती vs उदित राज विवाद और गहरा गया। मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए कहा कि कांग्रेस के कुछ नेता बहुजन समाज के हितों के खिलाफ बयानबाजी कर रहे हैं। उन्होंने कार्यकर्ताओं को ऐसे नेताओं से सावधान रहने की हिदायत दी।
मायावती की तीखी प्रतिक्रिया
बसपा प्रमुख मायावती ने अपने पोस्ट में कांग्रेस नेता उदित राज को “बड़बोला और बिगड़ैल नेता” करार दिया। उन्होंने लिखा,
“बहुजन समाज के हितों के लिए समर्पित सामाजिक संगठनों द्वारा कांग्रेस के एक बिगड़ैल नेता के बीएसपी पार्टी, मूवमेंट और उसके नेतृत्व के खिलाफ की गई टिप्पणी की निंदा करती हूं।”
इसके साथ ही मायावती ने बसपा कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे 15 मार्च को कांशीराम जयंती को पूरे जोश और भावना के साथ मनाएं।
क्या मायावती ने आकाश आनंद के समर्थन में दिया बयान?
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि मायावती का यह बयान अप्रत्यक्ष रूप से आकाश आनंद के समर्थन में आया है। बता दें कि मायावती ने 2 मार्च को ही अपने भतीजे आकाश आनंद को पार्टी के सभी पदों से हटा दिया था। इसके बाद कांग्रेस पार्टी ने इस मौके का फायदा उठाने की कोशिश की और आकाश को अपने पाले में लाने का प्रयास किया।
हालांकि, मायावती ने यह साफ कर दिया कि बीएसपी की विचारधारा और नेतृत्व को कोई भी कमजोर नहीं कर सकता।
उदित राज का पलटवार: बीजेपी के करीब जा रही बीएसपी
मायावती के बयान के बाद कांग्रेस नेता उदित राज ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि बीएसपी अब पूरी तरह से भाजपा के नियंत्रण में आ चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब आकाश आनंद ने लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान बीजेपी के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाया, तो मायावती ने उन्हें पद से हटा दिया।
उनका कहना था कि मायावती की राजनीतिक रणनीति अब बीजेपी के समर्थन में झुकती दिख रही है, और यही कारण है कि उन्होंने आकाश आनंद को पार्टी से बाहर कर दिया।
उत्तराखंड सरकार पर भी बरसीं मायावती
इस पूरे मामले के बीच मायावती vs उदित राज विवाद के अलावा, बसपा प्रमुख ने उत्तराखंड सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने देहरादून में 11 प्राइवेट मदरसों को सील करने की कार्रवाई को गलत बताया और कहा कि यह धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला कदम है।
क्या आगे बढ़ेगा मायावती vs उदित राज विवाद?
मायावती vs उदित राज विवाद अब केवल बयानबाजी तक सीमित नहीं रह गया है। कांग्रेस और बीएसपी के बीच गहराते मतभेद यह संकेत दे रहे हैं कि आगामी चुनावों में दोनों दल आमने-सामने हो सकते हैं।
अब देखने वाली बात यह होगी कि आकाश आनंद इस विवाद पर क्या प्रतिक्रिया देते हैं और क्या मायावती अपने फैसले में कोई बदलाव करेंगी या नहीं।
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